सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:50–05:38
दिन 06:26–17:46 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:50–05:38 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:44–12:29 45 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 03:41, 15 दिसम्बर–05:11, 15 दिसम्बर 1 घं 30 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 13:31–14:56 1 घं 25 मि
- यमगण्ड
- 06:26–07:51 1 घं 25 मि
- गुलिक काल
- 09:16–10:41 1 घं 25 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 10:13–10:58 45 मिनट 14:45–15:30 45 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 08:16–09:46 1 घं 31 मि 18:44–20:13 1 घं 30 मि
चौघड़िया
दिन
- शुभ 06:26–07:51
- रोग 07:51–09:16
- उद्वेग 09:16–10:41
- चल 10:41–12:06
- लाभ 12:06–13:31
- अमृत 13:31–14:56
- काल 14:56–16:21
- शुभ 16:21–17:46
रात
- अमृत 17:46–19:21
- चल 19:21–20:56
- रोग 20:56–22:31
- काल 22:31–00:06, 15 दिसम्बर
- लाभ 00:06, 15 दिसम्बर–01:42, 15 दिसम्बर
- उद्वेग 01:42, 15 दिसम्बर–03:17, 15 दिसम्बर
- शुभ 03:17, 15 दिसम्बर–04:52, 15 दिसम्बर
- अमृत 04:52, 15 दिसम्बर–06:27, 15 दिसम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- मार्गशीर्ष
- मास (अमांत)
- मार्गशीर्ष
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2080
- शक संवत
- 1945
- ऋतु
- हेमन्त
- सूर्य राशि
- वृश्चिक
- चंद्र राशि
- धनु
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
14 दिसम्बर 2023 को कौन सी तिथि है?
14 दिसम्बर 2023 को शुक्ल द्वितीया है, जो 00:56, 15 दिसम्बर बजे तक रहती है। (तिरुपति)
14 दिसम्बर 2023 को नक्षत्र कौन सा है?
मूल नक्षत्र 09:46 बजे तक रहता है। (तिरुपति)
14 दिसम्बर 2023 को राहु काल कब है?
तिरुपति में राहु काल 13:31 से 14:56 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
14 दिसम्बर 2023 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
तिरुपति में सूर्योदय 06:26 बजे और सूर्यास्त 17:46 बजे है।