पापमोचनी एकादशी (वैष्णव)
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:01–05:49
दिन 06:37–18:51 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:01–05:49 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- —
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 16:40–18:11 1 घं 31 मि
बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 12:44–14:16 1 घं 32 मि
- यमगण्ड
- 08:08–09:40 1 घं 32 मि
- गुलिक काल
- 11:12–12:44 1 घं 32 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:19–13:08 49 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 07:36–09:06 1 घं 31 मि
चौघड़िया
दिन
- लाभ 06:37–08:08
- अमृत 08:08–09:40
- काल 09:40–11:12
- शुभ 11:12–12:44
- रोग 12:44–14:16
- उद्वेग 14:16–15:48
- चल 15:48–17:19
- लाभ 17:19–18:51
रात
- उद्वेग 18:51–20:19
- शुभ 20:19–21:47
- अमृत 21:47–23:15
- चल 23:15–00:43, 27 मार्च
- रोग 00:43, 27 मार्च–02:12, 27 मार्च
- काल 02:12, 27 मार्च–03:40, 27 मार्च
- लाभ 03:40, 27 मार्च–05:08, 27 मार्च
- उद्वेग 05:08, 27 मार्च–06:36, 27 मार्च
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- चैत्र
- मास (अमांत)
- फाल्गुन
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2081
- शक संवत
- 1946
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- मीन
- चंद्र राशि
- मकर
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
26 मार्च 2025 को कौन सी तिथि है?
26 मार्च 2025 को कृष्ण द्वादशी है, जो 01:43, 27 मार्च बजे तक रहती है। (सूरत)
26 मार्च 2025 को नक्षत्र कौन सा है?
धनिष्ठा नक्षत्र 02:29, 27 मार्च बजे तक रहता है। (सूरत)
26 मार्च 2025 को राहु काल कब है?
सूरत में राहु काल 12:44 से 14:16 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
26 मार्च 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूरत में सूर्योदय 06:37 बजे और सूर्यास्त 18:51 बजे है।