शारदीय नवरात्रि
त्योहारसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:10–04:58
दिन 05:46–17:54 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:10–04:58 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:26–12:14 49 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- —
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 07:17–08:48 1 घं 31 मि
- यमगण्ड
- 10:19–11:50 1 घं 31 मि
- गुलिक काल
- 13:21–14:52 1 घं 31 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:14–13:03 49 मिनट 14:40–15:29 49 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 20:35–22:21 1 घं 45 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 05:46–07:17
- काल 07:17–08:48
- शुभ 08:48–10:19
- रोग 10:19–11:50
- उद्वेग 11:50–13:21
- चल 13:21–14:52
- लाभ 14:52–16:23
- अमृत 16:23–17:54
रात
- चल 17:54–19:23
- रोग 19:23–20:52
- काल 20:52–22:21
- लाभ 22:21–23:50
- उद्वेग 23:50–01:19, 23 सितम्बर
- शुभ 01:19, 23 सितम्बर–02:48, 23 सितम्बर
- अमृत 02:48, 23 सितम्बर–04:17, 23 सितम्बर
- चल 04:17, 23 सितम्बर–05:46, 23 सितम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- आश्विन
- मास (अमांत)
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2082
- शक संवत
- 1947
- ऋतु
- शरद
- सूर्य राशि
- कन्या
- चंद्र राशि
- कन्या
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
22 सितम्बर 2025 को कौन सी तिथि है?
22 सितम्बर 2025 को शुक्ल प्रतिपदा है, जो 02:56, 23 सितम्बर बजे तक रहती है। (वाराणसी)
22 सितम्बर 2025 को नक्षत्र कौन सा है?
उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र 11:24 बजे तक रहता है। (वाराणसी)
22 सितम्बर 2025 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 07:17 से 08:48 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
22 सितम्बर 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 05:46 बजे और सूर्यास्त 17:54 बजे है।