पूर्णिमा
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:05–05:53
दिन 06:41–17:42 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:05–05:53 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:49–12:33 44 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 17:59–19:29 1 घं 30 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 16:19–17:42 1 घं 23 मि
- यमगण्ड
- 12:11–13:34 1 घं 23 मि
- गुलिक काल
- 14:57–16:19 1 घं 23 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 16:14–16:58 44 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 09:02–10:31 1 घं 30 मि
चौघड़िया
दिन
- उद्वेग 06:41–08:03
- चल 08:03–09:26
- लाभ 09:26–10:49
- अमृत 10:49–12:11
- काल 12:11–13:34
- शुभ 13:34–14:57
- रोग 14:57–16:19
- उद्वेग 16:19–17:42
रात
- शुभ 17:42–19:19
- अमृत 19:19–20:56
- चल 20:56–22:34
- रोग 22:34–00:11, 2 फ़रवरी
- काल 00:11, 2 फ़रवरी–01:48, 2 फ़रवरी
- लाभ 01:48, 2 फ़रवरी–03:26, 2 फ़रवरी
- उद्वेग 03:26, 2 फ़रवरी–05:03, 2 फ़रवरी
- शुभ 05:03, 2 फ़रवरी–06:40, 2 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- माघ
- मास (अमांत)
- माघ
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2082
- शक संवत
- 1947
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- मकर
- चंद्र राशि
- कर्क
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1 फ़रवरी 2026 को कौन सी तिथि है?
1 फ़रवरी 2026 को शुक्ल पूर्णिमा है, जो 03:39, 2 फ़रवरी बजे तक रहती है। (वाराणसी)
1 फ़रवरी 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
पुष्य नक्षत्र 23:58 बजे तक रहता है। (वाराणसी)
1 फ़रवरी 2026 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 16:19 से 17:42 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
1 फ़रवरी 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 06:41 बजे और सूर्यास्त 17:42 बजे है।