सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:17–06:05
दिन 06:53–18:27 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:17–06:05 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 12:17–13:03 46 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 12:01–13:32 1 घं 31 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 08:20–09:46 1 घं 27 मि
- यमगण्ड
- 11:13–12:40 1 घं 27 मि
- गुलिक काल
- 14:07–15:33 1 घं 27 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 13:03–13:49 46 मिनट 15:22–16:08 46 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 03:50, 24 फ़रवरी–05:20, 24 फ़रवरी 1 घं 30 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 06:53–08:20
- काल 08:20–09:46
- शुभ 09:46–11:13
- रोग 11:13–12:40
- उद्वेग 12:40–14:07
- चल 14:07–15:33
- लाभ 15:33–17:00
- अमृत 17:00–18:27
रात
- चल 18:27–20:00
- रोग 20:00–21:33
- काल 21:33–23:06
- लाभ 23:06–00:39, 24 फ़रवरी
- उद्वेग 00:39, 24 फ़रवरी–02:13, 24 फ़रवरी
- शुभ 02:13, 24 फ़रवरी–03:46, 24 फ़रवरी
- अमृत 03:46, 24 फ़रवरी–05:19, 24 फ़रवरी
- चल 05:19, 24 फ़रवरी–06:52, 24 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- फाल्गुन
- मास (अमांत)
- फाल्गुन
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2082
- शक संवत
- 1947
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- कुम्भ
- चंद्र राशि
- मेष
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
23 फ़रवरी 2026 को कौन सी तिथि है?
23 फ़रवरी 2026 को शुक्ल षष्ठी है, जो 09:09 बजे तक रहती है। (उज्जैन)
23 फ़रवरी 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
भरणी नक्षत्र 16:33 बजे तक रहता है। (उज्जैन)
23 फ़रवरी 2026 को राहु काल कब है?
उज्जैन में राहु काल 08:20 से 09:46 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
23 फ़रवरी 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
उज्जैन में सूर्योदय 06:53 बजे और सूर्यास्त 18:27 बजे है।