सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:15–05:03
दिन 05:51–18:27 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:15–05:03 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- —
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 17:51–19:34 1 घं 43 मि
बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 12:09–13:44 1 घं 35 मि
- यमगण्ड
- 07:26–09:00 1 घं 35 मि
- गुलिक काल
- 10:35–12:09 1 घं 35 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 11:44–12:34 50 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 07:35–09:18 1 घं 43 मि
चौघड़िया
दिन
- लाभ 05:51–07:26
- अमृत 07:26–09:00
- काल 09:00–10:35
- शुभ 10:35–12:09
- रोग 12:09–13:44
- उद्वेग 13:44–15:18
- चल 15:18–16:53
- लाभ 16:53–18:27
रात
- उद्वेग 18:27–19:53
- शुभ 19:53–21:18
- अमृत 21:18–22:44
- चल 22:44–00:09, 30 अप्रैल
- रोग 00:09, 30 अप्रैल–01:34, 30 अप्रैल
- काल 01:34, 30 अप्रैल–03:00, 30 अप्रैल
- लाभ 03:00, 30 अप्रैल–04:25, 30 अप्रैल
- उद्वेग 04:25, 30 अप्रैल–05:51, 30 अप्रैल
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- वैशाख
- मास (अमांत)
- वैशाख
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
- ऋतु
- वसन्त
- सूर्य राशि
- मेष
- चंद्र राशि
- कन्या
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
29 अप्रैल 2026 को कौन सी तिथि है?
29 अप्रैल 2026 को शुक्ल त्रयोदशी है, जो 19:52 बजे तक रहती है। (तिरुपति)
29 अप्रैल 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
हस्त नक्षत्र 00:16, 30 अप्रैल बजे तक रहता है। (तिरुपति)
29 अप्रैल 2026 को राहु काल कब है?
तिरुपति में राहु काल 12:09 से 13:44 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
29 अप्रैल 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
तिरुपति में सूर्योदय 05:51 बजे और सूर्यास्त 18:27 बजे है।