सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 03:39–04:27
दिन 05:15–18:33 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 03:39–04:27 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:28–12:21 53 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 18:05–19:43 1 घं 39 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 06:55–08:35 1 घं 40 मि
- यमगण्ड
- 10:14–11:54 1 घं 40 मि
- गुलिक काल
- 13:34–15:14 1 घं 40 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:21–13:14 53 मिनट 15:00–15:54 53 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 08:13–09:52 1 घं 39 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 05:15–06:55
- काल 06:55–08:35
- शुभ 08:35–10:14
- रोग 10:14–11:54
- उद्वेग 11:54–13:34
- चल 13:34–15:14
- लाभ 15:14–16:54
- अमृत 16:54–18:33
रात
- चल 18:33–19:53
- रोग 19:53–21:14
- काल 21:14–22:34
- लाभ 22:34–23:54
- उद्वेग 23:54–01:14, 12 मई
- शुभ 01:14, 12 मई–02:34, 12 मई
- अमृत 02:34, 12 मई–03:54, 12 मई
- चल 03:54, 12 मई–05:14, 12 मई
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- ज्येष्ठ
- मास (अमांत)
- वैशाख
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
- ऋतु
- वसन्त
- सूर्य राशि
- मेष
- चंद्र राशि
- कुम्भ
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
11 मई 2026 को कौन सी तिथि है?
11 मई 2026 को कृष्ण नवमी है, जो 15:25 बजे तक रहती है। (वाराणसी)
11 मई 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
शतभिषा नक्षत्र 01:28, 12 मई बजे तक रहता है। (वाराणसी)
11 मई 2026 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 06:55 से 08:35 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
11 मई 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 05:15 बजे और सूर्यास्त 18:33 बजे है।