सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:36–05:24
दिन 06:12–19:17 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:36–05:24 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 12:18–13:11 52 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 13:10–14:51 1 घं 41 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 09:28–11:06 1 घं 38 मि
- यमगण्ड
- 14:23–16:01 1 घं 38 मि
- गुलिक काल
- 06:12–07:50 1 घं 38 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 06:12–07:04 52 मिनट 07:04–07:56 52 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 03:23, 2 अगस्त–05:02, 2 अगस्त 1 घं 39 मि
चौघड़िया
दिन
- काल 06:12–07:50
- शुभ 07:50–09:28
- रोग 09:28–11:06
- उद्वेग 11:06–12:44
- चल 12:44–14:23
- लाभ 14:23–16:01
- अमृत 16:01–17:39
- काल 17:39–19:17
रात
- लाभ 19:17–20:39
- उद्वेग 20:39–22:01
- शुभ 22:01–23:23
- अमृत 23:23–00:45, 2 अगस्त
- चल 00:45, 2 अगस्त–02:06, 2 अगस्त
- रोग 02:06, 2 अगस्त–03:28, 2 अगस्त
- काल 03:28, 2 अगस्त–04:50, 2 अगस्त
- लाभ 04:50, 2 अगस्त–06:12, 2 अगस्त
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- श्रावण
- मास (अमांत)
- आषाढ़
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
- ऋतु
- ग्रीष्म
- सूर्य राशि
- कर्क
- चंद्र राशि
- कुम्भ
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1 अगस्त 2026 को कौन सी तिथि है?
1 अगस्त 2026 को कृष्ण तृतीया है, जो 23:07 बजे तक रहती है। (सूरत)
1 अगस्त 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
शतभिषा नक्षत्र 20:45 बजे तक रहता है। (सूरत)
1 अगस्त 2026 को राहु काल कब है?
सूरत में राहु काल 09:28 से 11:06 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
1 अगस्त 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूरत में सूर्योदय 06:12 बजे और सूर्यास्त 19:17 बजे है।