सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 03:51–04:39
दिन 05:27–18:11 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 03:51–04:39 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:24–12:15 51 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 04:56, 22 अगस्त–06:44, 22 अगस्त 1 घं 48 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 10:14–11:49 1 घं 35 मि
- यमगण्ड
- 15:00–16:36 1 घं 35 मि
- गुलिक काल
- 07:03–08:38 1 घं 35 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 08:00–08:51 51 मिनट 12:15–13:06 51 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 18:10–19:58 1 घं 48 मि
चौघड़िया
दिन
- चल 05:27–07:03
- लाभ 07:03–08:38
- अमृत 08:38–10:14
- काल 10:14–11:49
- शुभ 11:49–13:25
- रोग 13:25–15:00
- उद्वेग 15:00–16:36
- चल 16:36–18:11
रात
- रोग 18:11–19:36
- काल 19:36–21:00
- लाभ 21:00–22:25
- उद्वेग 22:25–23:49
- शुभ 23:49–01:14, 22 अगस्त
- अमृत 01:14, 22 अगस्त–02:39, 22 अगस्त
- चल 02:39, 22 अगस्त–04:03, 22 अगस्त
- रोग 04:03, 22 अगस्त–05:28, 22 अगस्त
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- श्रावण
- मास (अमांत)
- श्रावण
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
- ऋतु
- वर्षा
- सूर्य राशि
- सिंह
- चंद्र राशि
- वृश्चिक
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
21 अगस्त 2026 को कौन सी तिथि है?
21 अगस्त 2026 को शुक्ल नवमी है, जो 23:36 बजे तक रहती है। (भुवनेश्वर)
21 अगस्त 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
अनुराधा नक्षत्र 11:53 बजे तक रहता है। (भुवनेश्वर)
21 अगस्त 2026 को राहु काल कब है?
भुवनेश्वर में राहु काल 10:14 से 11:49 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
21 अगस्त 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
भुवनेश्वर में सूर्योदय 05:27 बजे और सूर्यास्त 18:11 बजे है।