वसंत पंचमी
त्योहारसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:59–05:47
दिन 06:35–17:49 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:59–05:47 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:50–12:34 45 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 03:13, 12 फ़रवरी–04:52, 12 फ़रवरी 1 घं 39 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 13:36–15:00 1 घं 24 मि
- यमगण्ड
- 06:35–07:59 1 घं 24 मि
- गुलिक काल
- 09:24–10:48 1 घं 24 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 10:20–11:05 45 मिनट 14:49–15:34 45 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 17:19–18:58 1 घं 39 मि
चौघड़िया
दिन
- शुभ 06:35–07:59
- रोग 07:59–09:24
- उद्वेग 09:24–10:48
- चल 10:48–12:12
- लाभ 12:12–13:36
- अमृत 13:36–15:00
- काल 15:00–16:25
- शुभ 16:25–17:49
रात
- अमृत 17:49–19:24
- चल 19:24–21:00
- रोग 21:00–22:36
- काल 22:36–00:12, 12 फ़रवरी
- लाभ 00:12, 12 फ़रवरी–01:47, 12 फ़रवरी
- उद्वेग 01:47, 12 फ़रवरी–03:23, 12 फ़रवरी
- शुभ 03:23, 12 फ़रवरी–04:59, 12 फ़रवरी
- अमृत 04:59, 12 फ़रवरी–06:35, 12 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- माघ
- मास (अमांत)
- माघ
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- मकर
- चंद्र राशि
- मीन
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
11 फ़रवरी 2027 को कौन सी तिथि है?
11 फ़रवरी 2027 को शुक्ल पंचमी है, जो 03:18, 12 फ़रवरी बजे तक रहती है। (वाराणसी)
11 फ़रवरी 2027 को नक्षत्र कौन सा है?
रेवती नक्षत्र 05:42, 12 फ़रवरी बजे तक रहता है। (वाराणसी)
11 फ़रवरी 2027 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 13:36 से 15:00 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
11 फ़रवरी 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 06:35 बजे और सूर्यास्त 17:49 बजे है।