गणगौर
त्योहारसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:05–04:53
दिन 05:41–18:18 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:05–04:53 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:34–12:25 50 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 12:33–14:05 1 घं 33 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 10:25–11:59 1 घं 35 मि
- यमगण्ड
- 15:09–16:43 1 घं 35 मि
- गुलिक काल
- 07:16–08:50 1 घं 35 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 08:13–09:03 50 मिनट 12:25–13:15 50 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 04:39, 10 अप्रैल–06:11, 10 अप्रैल 1 घं 32 मि
चौघड़िया
दिन
- चल 05:41–07:16
- लाभ 07:16–08:50
- अमृत 08:50–10:25
- काल 10:25–11:59
- शुभ 11:59–13:34
- रोग 13:34–15:09
- उद्वेग 15:09–16:43
- चल 16:43–18:18
रात
- रोग 18:18–19:43
- काल 19:43–21:08
- लाभ 21:08–22:34
- उद्वेग 22:34–23:59
- शुभ 23:59–01:24, 10 अप्रैल
- अमृत 01:24, 10 अप्रैल–02:50, 10 अप्रैल
- चल 02:50, 10 अप्रैल–04:15, 10 अप्रैल
- रोग 04:15, 10 अप्रैल–05:40, 10 अप्रैल
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- चैत्र
- मास (अमांत)
- चैत्र
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2084
- शक संवत
- 1949
- ऋतु
- वसन्त
- सूर्य राशि
- मीन
- चंद्र राशि
- मेष
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
9 अप्रैल 2027 को कौन सी तिथि है?
9 अप्रैल 2027 को शुक्ल तृतीया है, जो 01:32, 10 अप्रैल बजे तक रहती है। (वाराणसी)
9 अप्रैल 2027 को नक्षत्र कौन सा है?
भरणी नक्षत्र 17:11 बजे तक रहता है। (वाराणसी)
9 अप्रैल 2027 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 10:25 से 11:59 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
9 अप्रैल 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 05:41 बजे और सूर्यास्त 18:18 बजे है।