देवशयनी एकादशी
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:06–04:54
दिन 05:42–19:09 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:06–04:54 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- —
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 16:04–17:47 1 घं 44 मि
बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 12:26–14:06 1 घं 41 मि
- यमगण्ड
- 07:23–09:04 1 घं 41 मि
- गुलिक काल
- 10:45–12:26 1 घं 41 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 11:59–12:53 54 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- —
चौघड़िया
दिन
- लाभ 05:42–07:23
- अमृत 07:23–09:04
- काल 09:04–10:45
- शुभ 10:45–12:26
- रोग 12:26–14:06
- उद्वेग 14:06–15:47
- चल 15:47–17:28
- लाभ 17:28–19:09
रात
- उद्वेग 19:09–20:28
- शुभ 20:28–21:47
- अमृत 21:47–23:07
- चल 23:07–00:26, 15 जुलाई
- रोग 00:26, 15 जुलाई–01:45, 15 जुलाई
- काल 01:45, 15 जुलाई–03:04, 15 जुलाई
- लाभ 03:04, 15 जुलाई–04:23, 15 जुलाई
- उद्वेग 04:23, 15 जुलाई–05:43, 15 जुलाई
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- आषाढ़
- मास (अमांत)
- आषाढ़
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2084
- शक संवत
- 1949
- ऋतु
- ग्रीष्म
- सूर्य राशि
- मिथुन
- चंद्र राशि
- वृश्चिक
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
14 जुलाई 2027 को कौन सी तिथि है?
14 जुलाई 2027 को शुक्ल एकादशी है, जो 13:10 बजे तक रहती है। (भोपाल)
14 जुलाई 2027 को नक्षत्र कौन सा है?
अनुराधा नक्षत्र 03:18, 15 जुलाई बजे तक रहता है। (भोपाल)
14 जुलाई 2027 को राहु काल कब है?
भोपाल में राहु काल 12:26 से 14:06 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
14 जुलाई 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
भोपाल में सूर्योदय 05:42 बजे और सूर्यास्त 19:09 बजे है।