अमावस्या
व्रतआंशिक सूर्य ग्रहण
16:05–17:08- स्पर्श
- 16:05
- मध्य
- 16:37
- मोक्ष
- 17:08
- ग्रहण मान
- 0.151
- सूतक काल
- 04:05–17:08
सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 03:49–04:37
दिन 05:25–18:43 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 03:49–04:37 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:37–12:30 53 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 11:32–12:56 1 घं 24 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 07:05–08:44 1 घं 40 मि
- यमगण्ड
- 10:24–12:04 1 घं 40 मि
- गुलिक काल
- 13:44–15:23 1 घं 40 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:30–13:24 53 मिनट 15:10–16:03 53 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 04:25, 3 अगस्त–05:49, 3 अगस्त 1 घं 24 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 05:25–07:05
- काल 07:05–08:44
- शुभ 08:44–10:24
- रोग 10:24–12:04
- उद्वेग 12:04–13:44
- चल 13:44–15:23
- लाभ 15:23–17:03
- अमृत 17:03–18:43
रात
- चल 18:43–20:03
- रोग 20:03–21:23
- काल 21:23–22:44
- लाभ 22:44–00:04, 3 अगस्त
- उद्वेग 00:04, 3 अगस्त–01:24, 3 अगस्त
- शुभ 01:24, 3 अगस्त–02:45, 3 अगस्त
- अमृत 02:45, 3 अगस्त–04:05, 3 अगस्त
- चल 04:05, 3 अगस्त–05:25, 3 अगस्त
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- श्रावण
- मास (अमांत)
- आषाढ़
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2084
- शक संवत
- 1949
- ऋतु
- ग्रीष्म
- सूर्य राशि
- कर्क
- चंद्र राशि
- कर्क
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
2 अगस्त 2027 को कौन सी तिथि है?
2 अगस्त 2027 को कृष्ण अमावस्या है, जो 15:35 बजे तक रहती है। (वाराणसी)
2 अगस्त 2027 को नक्षत्र कौन सा है?
पुष्य नक्षत्र 17:09 बजे तक रहता है। (वाराणसी)
2 अगस्त 2027 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 07:05 से 08:44 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
2 अगस्त 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 05:25 बजे और सूर्यास्त 18:43 बजे है।