सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:15–05:03
दिन 05:51–18:14 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:15–05:03 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:37–12:27 50 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 23:18–00:58, 31 मार्च 1 घं 40 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 13:35–15:08 1 घं 33 मि
- यमगण्ड
- 05:51–07:24 1 घं 33 मि
- गुलिक काल
- 08:56–10:29 1 घं 33 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 09:58–10:48 50 मिनट 14:55–15:45 50 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 13:19–14:59 1 घं 40 मि
चौघड़िया
दिन
- शुभ 05:51–07:24
- रोग 07:24–08:56
- उद्वेग 08:56–10:29
- चल 10:29–12:02
- लाभ 12:02–13:35
- अमृत 13:35–15:08
- काल 15:08–16:41
- शुभ 16:41–18:14
रात
- अमृत 18:14–19:41
- चल 19:41–21:08
- रोग 21:08–22:35
- काल 22:35–00:02, 31 मार्च
- लाभ 00:02, 31 मार्च–01:29, 31 मार्च
- उद्वेग 01:29, 31 मार्च–02:56, 31 मार्च
- शुभ 02:56, 31 मार्च–04:23, 31 मार्च
- अमृत 04:23, 31 मार्च–05:50, 31 मार्च
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- चैत्र
- मास (अमांत)
- चैत्र
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2085
- शक संवत
- 1950
- ऋतु
- वसन्त
- सूर्य राशि
- मीन
- चंद्र राशि
- मेष
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
30 मार्च 2028 को कौन सी तिथि है?
30 मार्च 2028 को शुक्ल चतुर्थी है, जो 14:30 बजे तक रहती है। (वाराणसी)
30 मार्च 2028 को नक्षत्र कौन सा है?
कृत्तिका नक्षत्र 01:48, 31 मार्च बजे तक रहता है। (वाराणसी)
30 मार्च 2028 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 13:35 से 15:08 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
30 मार्च 2028 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 05:51 बजे और सूर्यास्त 18:14 बजे है।