सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:02–05:50
दिन 06:38–18:01 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:02–05:50 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- —
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 16:01–17:31 1 घं 30 मि
बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 12:20–13:45 1 घं 25 मि
- यमगण्ड
- 08:03–09:29 1 घं 25 मि
- गुलिक काल
- 10:54–12:20 1 घं 25 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 11:57–12:42 46 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 07:02–08:32 1 घं 30 मि 06:34, 21 फ़रवरी–08:03, 21 फ़रवरी 1 घं 29 मि
चौघड़िया
दिन
- लाभ 06:38–08:03
- अमृत 08:03–09:29
- काल 09:29–10:54
- शुभ 10:54–12:20
- रोग 12:20–13:45
- उद्वेग 13:45–15:10
- चल 15:10–16:36
- लाभ 16:36–18:01
रात
- उद्वेग 18:01–19:36
- शुभ 19:36–21:10
- अमृत 21:10–22:45
- चल 22:45–00:19, 21 फ़रवरी
- रोग 00:19, 21 फ़रवरी–01:54, 21 फ़रवरी
- काल 01:54, 21 फ़रवरी–03:28, 21 फ़रवरी
- लाभ 03:28, 21 फ़रवरी–05:03, 21 फ़रवरी
- उद्वेग 05:03, 21 फ़रवरी–06:37, 21 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- फाल्गुन
- मास (अमांत)
- माघ
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- कुम्भ
- चंद्र राशि
- कन्या
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
20 फ़रवरी 2030 को कौन सी तिथि है?
20 फ़रवरी 2030 को कृष्ण द्वितीया है, जो 07:58 बजे तक रहती है। (लखनऊ)
20 फ़रवरी 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र 22:45 बजे तक रहता है। (लखनऊ)
20 फ़रवरी 2030 को राहु काल कब है?
लखनऊ में राहु काल 12:20 से 13:45 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
20 फ़रवरी 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
लखनऊ में सूर्योदय 06:38 बजे और सूर्यास्त 18:01 बजे है।