हिन्दू कैलेंडर

विक्रम संवत 2087 · शक संवत 1952 · चैत्र · वसन्त ऋतु

‹

12 अप्रैल 2030

शुक्रवार · चैत्र शुक्ल नवमी, दशमी

› माह

राम नवमी

जयंती · सरकारी छुट्टी

सूर्य और चंद्र

सूर्योदय
05:38
दिनमान 12 घं 41 मि
सूर्यास्त
18:19
चंद्रोदय
12:40
चंद्रास्त
01:51

दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर

सूर्योदय 05:38 सूर्यास्त 18:19 अगला सूर्योदय 05:37
शुभ मुहूर्त
अभिजित अमृत
11:33–12:24 15:08–16:48

पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:02–04:50

अशुभ काल
गुलिक दुर्मुहूर्त राहु दुर्मुहूर्त यमगण्ड
07:13–08:48 08:10–09:01 10:24–11:59 12:24–13:15 15:09–16:44
12 00

दिन 05:38–18:19 रात

पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

सूर्योदय 05:38 सूर्यास्त 18:19 अगला सूर्योदय 05:37
तिथि चंद्र दिवस
शुक्ल नवमी शुक्ल दशमी
21:33 21:14, 13 अप्रैल तक
नक्षत्र चंद्र का तारा
पुष्य आश्लेषा
21:50 22:10, 13 अप्रैल तक
योग सूर्य–चंद्र का अंतर
धृति शूल
00:23, 13 अप्रैल 22:58, 13 अप्रैल तक
करण आधी तिथि
बालव कौलव तैतिल
09:24 21:33 09:30, 13 अप्रैल तक
वार शुक्रवार
12 00

शुभ मुहूर्त

इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
04:02–04:50 48 मिनट
अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
11:33–12:24 51 मिनट
अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
15:08–16:48 1 घं 41 मि

अशुभ काल

इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें

राहु काल वार के अनुसार
10:24–11:59 1 घं 35 मि
यमगण्ड
15:09–16:44 1 घं 35 मि
गुलिक काल
07:13–08:48 1 घं 35 मि
दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
08:10–09:01 51 मिनट 12:24–13:15 51 मिनट
वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
—

चौघड़िया

दिन

  • चल 05:38–07:13
  • लाभ 07:13–08:48
  • अमृत 08:48–10:24
  • काल 10:24–11:59
  • शुभ 11:59–13:34
  • रोग 13:34–15:09
  • उद्वेग 15:09–16:44
  • चल 16:44–18:19

रात

  • रोग 18:19–19:44
  • काल 19:44–21:09
  • लाभ 21:09–22:33
  • उद्वेग 22:33–23:58
  • शुभ 23:58–01:23, 13 अप्रैल
  • अमृत 01:23, 13 अप्रैल–02:48, 13 अप्रैल
  • चल 02:48, 13 अप्रैल–04:12, 13 अप्रैल
  • रोग 04:12, 13 अप्रैल–05:37, 13 अप्रैल

मास, संवत और ऋतु

मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
मास (अमांत)
चैत्र
पक्ष
शुक्ल पक्ष
विक्रम संवत
2087
शक संवत
1952
ऋतु
वसन्त
सूर्य राशि
मीन
चंद्र राशि
कर्क

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

12 अप्रैल 2030 को कौन सी तिथि है?

12 अप्रैल 2030 को शुक्ल नवमी है, जो 21:33 बजे तक रहती है। (वाराणसी)

12 अप्रैल 2030 को नक्षत्र कौन सा है?

पुष्य नक्षत्र 21:50 बजे तक रहता है। (वाराणसी)

12 अप्रैल 2030 को राहु काल कब है?

वाराणसी में राहु काल 10:24 से 11:59 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।

12 अप्रैल 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

वाराणसी में सूर्योदय 05:38 बजे और सूर्यास्त 18:19 बजे है।