बुद्ध पूर्णिमा
त्योहार · सरकारी छुट्टीसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:02–04:50
दिन 05:38–19:08 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:02–04:50 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:56–12:50 54 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 10:41–12:05 1 घं 24 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 10:42–12:23 1 घं 41 मि
- यमगण्ड
- 15:45–17:27 1 घं 41 मि
- गुलिक काल
- 07:19–09:00 1 घं 41 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 08:20–09:14 54 मिनट 12:50–13:44 54 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 21:54–23:18 1 घं 24 मि
चौघड़िया
दिन
- चल 05:38–07:19
- लाभ 07:19–09:00
- अमृत 09:00–10:42
- काल 10:42–12:23
- शुभ 12:23–14:04
- रोग 14:04–15:45
- उद्वेग 15:45–17:27
- चल 17:27–19:08
रात
- रोग 19:08–20:27
- काल 20:27–21:45
- लाभ 21:45–23:04
- उद्वेग 23:04–00:23, 18 मई
- शुभ 00:23, 18 मई–01:41, 18 मई
- अमृत 01:41, 18 मई–03:00, 18 मई
- चल 03:00, 18 मई–04:19, 18 मई
- रोग 04:19, 18 मई–05:37, 18 मई
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- वैशाख
- मास (अमांत)
- वैशाख
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- वसन्त
- सूर्य राशि
- वृषभ
- चंद्र राशि
- तुला
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
17 मई 2030 को कौन सी तिथि है?
17 मई 2030 को शुक्ल पूर्णिमा है, जो 16:49 बजे तक रहती है। (जयपुर)
17 मई 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
विशाखा नक्षत्र 18:23 बजे तक रहता है। (जयपुर)
17 मई 2030 को राहु काल कब है?
जयपुर में राहु काल 10:42 से 12:23 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
17 मई 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
जयपुर में सूर्योदय 05:38 बजे और सूर्यास्त 19:08 बजे है।