अपरा एकादशी
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:07–04:55
दिन 05:43–18:35 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:07–04:55 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:43–12:35 51 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- —
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 07:20–08:56 1 घं 36 मि
- यमगण्ड
- 10:33–12:09 1 घं 36 मि
- गुलिक काल
- 13:45–15:22 1 घं 36 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:35–13:26 51 मिनट 15:09–16:00 51 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 00:11, 28 मई–01:57, 28 मई 1 घं 46 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 05:43–07:20
- काल 07:20–08:56
- शुभ 08:56–10:33
- रोग 10:33–12:09
- उद्वेग 12:09–13:45
- चल 13:45–15:22
- लाभ 15:22–16:58
- अमृत 16:58–18:35
रात
- चल 18:35–19:58
- रोग 19:58–21:22
- काल 21:22–22:45
- लाभ 22:45–00:09, 28 मई
- उद्वेग 00:09, 28 मई–01:33, 28 मई
- शुभ 01:33, 28 मई–02:56, 28 मई
- अमृत 02:56, 28 मई–04:20, 28 मई
- चल 04:20, 28 मई–05:43, 28 मई
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- ज्येष्ठ
- मास (अमांत)
- वैशाख
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- वसन्त
- सूर्य राशि
- वृषभ
- चंद्र राशि
- मीन
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
27 मई 2030 को कौन सी तिथि है?
27 मई 2030 को कृष्ण एकादशी है, जो 02:05, 28 मई बजे तक रहती है। (तिरुपति)
27 मई 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
उत्तरा भाद्रपदा नक्षत्र 10:54 बजे तक रहता है। (तिरुपति)
27 मई 2030 को राहु काल कब है?
तिरुपति में राहु काल 07:20 से 08:56 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
27 मई 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
तिरुपति में सूर्योदय 05:43 बजे और सूर्यास्त 18:35 बजे है।