सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:07–04:55
दिन 05:43–18:37 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:07–04:55 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:44–12:36 52 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 20:11–21:58 1 घं 47 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 07:20–08:57 1 घं 37 मि
- यमगण्ड
- 10:33–12:10 1 घं 37 मि
- गुलिक काल
- 13:47–15:23 1 घं 37 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:36–13:27 52 मिनट 15:11–16:02 52 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 13:57–15:44 1 घं 47 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 05:43–07:20
- काल 07:20–08:57
- शुभ 08:57–10:33
- रोग 10:33–12:10
- उद्वेग 12:10–13:47
- चल 13:47–15:23
- लाभ 15:23–17:00
- अमृत 17:00–18:37
रात
- चल 18:37–20:00
- रोग 20:00–21:23
- काल 21:23–22:47
- लाभ 22:47–00:10, 4 जून
- उद्वेग 00:10, 4 जून–01:33, 4 जून
- शुभ 01:33, 4 जून–02:57, 4 जून
- अमृत 02:57, 4 जून–04:20, 4 जून
- चल 04:20, 4 जून–05:43, 4 जून
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- ज्येष्ठ
- मास (अमांत)
- ज्येष्ठ
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- ग्रीष्म
- सूर्य राशि
- वृषभ
- चंद्र राशि
- मिथुन
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
3 जून 2030 को कौन सी तिथि है?
3 जून 2030 को शुक्ल द्वितीया है, जो 16:38 बजे तक रहती है। (तिरुपति)
3 जून 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
आर्द्रा नक्षत्र 07:19, 4 जून बजे तक रहता है। (तिरुपति)
3 जून 2030 को राहु काल कब है?
तिरुपति में राहु काल 07:20 से 08:57 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
3 जून 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
तिरुपति में सूर्योदय 05:43 बजे और सूर्यास्त 18:37 बजे है।