सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:25–05:13
दिन 06:01–18:10 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:25–05:13 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:41–12:30 49 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 01:12, 21 सितम्बर–02:59, 21 सितम्बर 1 घं 47 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 10:34–12:05 1 घं 31 मि
- यमगण्ड
- 15:07–16:39 1 घं 31 मि
- गुलिक काल
- 07:32–09:03 1 घं 31 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 08:27–09:15 49 मिनट 12:30–13:18 49 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 18:58–20:45 1 घं 47 मि
चौघड़िया
दिन
- चल 06:01–07:32
- लाभ 07:32–09:03
- अमृत 09:03–10:34
- काल 10:34–12:05
- शुभ 12:05–13:36
- रोग 13:36–15:07
- उद्वेग 15:07–16:39
- चल 16:39–18:10
रात
- रोग 18:10–19:39
- काल 19:39–21:07
- लाभ 21:07–22:36
- उद्वेग 22:36–00:05, 21 सितम्बर
- शुभ 00:05, 21 सितम्बर–01:34, 21 सितम्बर
- अमृत 01:34, 21 सितम्बर–03:03, 21 सितम्बर
- चल 03:03, 21 सितम्बर–04:32, 21 सितम्बर
- रोग 04:32, 21 सितम्बर–06:01, 21 सितम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- आश्विन
- मास (अमांत)
- भाद्रपद
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- वर्षा
- सूर्य राशि
- कन्या
- चंद्र राशि
- मिथुन
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
20 सितम्बर 2030 को कौन सी तिथि है?
20 सितम्बर 2030 को कृष्ण अष्टमी है, जो 14:39 बजे तक रहती है। (तिरुपति)
20 सितम्बर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
मृगशिरा नक्षत्र 09:36 बजे तक रहता है। (तिरुपति)
20 सितम्बर 2030 को राहु काल कब है?
तिरुपति में राहु काल 10:34 से 12:05 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
20 सितम्बर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
तिरुपति में सूर्योदय 06:01 बजे और सूर्यास्त 18:10 बजे है।