सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:00–04:48
दिन 05:36–17:39 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:00–04:48 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:13–12:02 48 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 10:10–11:44 1 घं 34 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 13:08–14:38 1 घं 30 मि
- यमगण्ड
- 05:36–07:06 1 घं 30 मि
- गुलिक काल
- 08:37–10:07 1 घं 30 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 09:37–10:25 48 मिनट 14:26–15:14 48 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 23:17–00:49, 27 सितम्बर 1 घं 32 मि
चौघड़िया
दिन
- शुभ 05:36–07:06
- रोग 07:06–08:37
- उद्वेग 08:37–10:07
- चल 10:07–11:37
- लाभ 11:37–13:08
- अमृत 13:08–14:38
- काल 14:38–16:09
- शुभ 16:09–17:39
रात
- अमृत 17:39–19:09
- चल 19:09–20:38
- रोग 20:38–22:08
- काल 22:08–23:38
- लाभ 23:38–01:07, 27 सितम्बर
- उद्वेग 01:07, 27 सितम्बर–02:37, 27 सितम्बर
- शुभ 02:37, 27 सितम्बर–04:06, 27 सितम्बर
- अमृत 04:06, 27 सितम्बर–05:36, 27 सितम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- आश्विन
- मास (अमांत)
- भाद्रपद
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- वर्षा
- सूर्य राशि
- कन्या
- चंद्र राशि
- सिंह
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
26 सितम्बर 2030 को कौन सी तिथि है?
26 सितम्बर 2030 को कृष्ण चतुर्दशी है, जो 17:15 बजे तक रहती है। (भुवनेश्वर)
26 सितम्बर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र 16:25 बजे तक रहता है। (भुवनेश्वर)
26 सितम्बर 2030 को राहु काल कब है?
भुवनेश्वर में राहु काल 13:08 से 14:38 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
26 सितम्बर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
भुवनेश्वर में सूर्योदय 05:36 बजे और सूर्यास्त 17:39 बजे है।