अहोई अष्टमी
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 03:58–04:46
दिन 05:34–17:08 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 03:58–04:46 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 10:58–11:44 46 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 20:22–22:08 1 घं 46 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 08:27–09:54 1 घं 27 मि
- यमगण्ड
- 12:48–14:14 1 घं 27 मि
- गुलिक काल
- 05:34–07:01 1 घं 27 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 05:34–06:20 46 मिनट 06:20–07:06 46 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 09:43–11:30 1 घं 46 मि
चौघड़िया
दिन
- काल 05:34–07:01
- शुभ 07:01–08:27
- रोग 08:27–09:54
- उद्वेग 09:54–11:21
- चल 11:21–12:48
- लाभ 12:48–14:14
- अमृत 14:14–15:41
- काल 15:41–17:08
रात
- लाभ 17:08–18:41
- उद्वेग 18:41–20:14
- शुभ 20:14–21:48
- अमृत 21:48–23:21
- चल 23:21–00:54, 20 अक्टूबर
- रोग 00:54, 20 अक्टूबर–02:28, 20 अक्टूबर
- काल 02:28, 20 अक्टूबर–04:01, 20 अक्टूबर
- लाभ 04:01, 20 अक्टूबर–05:34, 20 अक्टूबर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- कार्तिक
- मास (अमांत)
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- शरद
- सूर्य राशि
- तुला
- चंद्र राशि
- मिथुन
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
19 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
19 अक्टूबर 2030 को कृष्ण सप्तमी है, जो 07:19 बजे तक रहती है। (कोलकाता)
19 अक्टूबर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
पुनर्वसु नक्षत्र 23:01 बजे तक रहता है। (कोलकाता)
19 अक्टूबर 2030 को राहु काल कब है?
कोलकाता में राहु काल 08:27 से 09:54 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
19 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
कोलकाता में सूर्योदय 05:34 बजे और सूर्यास्त 17:08 बजे है।