रमा एकादशी
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:33–05:21
दिन 06:09–17:30 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:33–05:21 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- —
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 20:09–21:43 1 घं 35 मि
बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 11:50–13:15 1 घं 25 मि
- यमगण्ड
- 07:35–09:00 1 घं 25 मि
- गुलिक काल
- 10:25–11:50 1 घं 25 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 11:27–12:13 45 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 10:41–12:15 1 घं 35 मि
चौघड़िया
दिन
- लाभ 06:09–07:35
- अमृत 07:35–09:00
- काल 09:00–10:25
- शुभ 10:25–11:50
- रोग 11:50–13:15
- उद्वेग 13:15–14:40
- चल 14:40–16:05
- लाभ 16:05–17:30
रात
- उद्वेग 17:30–19:05
- शुभ 19:05–20:40
- अमृत 20:40–22:15
- चल 22:15–23:50
- रोग 23:50–01:25, 24 अक्टूबर
- काल 01:25, 24 अक्टूबर–03:00, 24 अक्टूबर
- लाभ 03:00, 24 अक्टूबर–04:35, 24 अक्टूबर
- उद्वेग 04:35, 24 अक्टूबर–06:10, 24 अक्टूबर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- कार्तिक
- मास (अमांत)
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- शरद
- सूर्य राशि
- तुला
- चंद्र राशि
- सिंह
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
23 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
23 अक्टूबर 2030 को कृष्ण एकादशी है, जो 10:20 बजे तक रहती है। (लखनऊ)
23 अक्टूबर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र 02:28, 24 अक्टूबर बजे तक रहता है। (लखनऊ)
23 अक्टूबर 2030 को राहु काल कब है?
लखनऊ में राहु काल 11:50 से 13:15 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
23 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
लखनऊ में सूर्योदय 06:09 बजे और सूर्यास्त 17:30 बजे है।