हिन्दू कैलेंडर

विक्रम संवत 2087 · शक संवत 1952 · मार्गशीर्ष · हेमन्त ऋतु

‹

1 दिसम्बर 2030

रविवार · मार्गशीर्ष शुक्ल सप्तमी, अष्टमी

› माह

सूर्य और चंद्र

सूर्योदय
06:26
दिनमान 10 घं 41 मि
सूर्यास्त
17:07
चंद्रोदय
11:36
चंद्रास्त
23:30

दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर

सूर्योदय 06:26 सूर्यास्त 17:07 अगला सूर्योदय 06:27
शुभ मुहूर्त
अभिजित अमृत
11:25–12:08 05:25, 2 दिसम्बर–07:01, 2 दिसम्बर

पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:50–05:38

अशुभ काल
यमगण्ड गुलिक दुर्मुहूर्त राहु वर्ज्य
11:46–13:07 14:27–15:47 15:42–16:24 15:47–17:07 19:50–21:26
12 00

दिन 06:26–17:07 रात

पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

सूर्योदय 06:26 सूर्यास्त 17:07 अगला सूर्योदय 06:27
तिथि चंद्र दिवस
शुक्ल सप्तमी शुक्ल अष्टमी
16:48 16:16, 2 दिसम्बर तक
नक्षत्र चंद्र का तारा
धनिष्ठा शतभिषा
12:38 12:36, 2 दिसम्बर तक
योग सूर्य–चंद्र का अंतर
व्याघात हर्षण
15:40 14:00, 2 दिसम्बर तक
करण आधी तिथि
वणिज विष्टि बव
16:48 04:26, 2 दिसम्बर 16:16, 2 दिसम्बर तक
वार रविवार
12 00

शुभ मुहूर्त

इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
04:50–05:38 48 मिनट
अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
11:25–12:08 43 मिनट
अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
05:25, 2 दिसम्बर–07:01, 2 दिसम्बर 1 घं 36 मि

अशुभ काल

इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें

राहु काल वार के अनुसार
15:47–17:07 1 घं 20 मि
यमगण्ड
11:46–13:07 1 घं 20 मि
गुलिक काल
14:27–15:47 1 घं 20 मि
दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
15:42–16:24 43 मिनट
वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
19:50–21:26 1 घं 36 मि

चौघड़िया

दिन

  • उद्वेग 06:26–07:46
  • चल 07:46–09:06
  • लाभ 09:06–10:26
  • अमृत 10:26–11:46
  • काल 11:46–13:07
  • शुभ 13:07–14:27
  • रोग 14:27–15:47
  • उद्वेग 15:47–17:07

रात

  • शुभ 17:07–18:47
  • अमृत 18:47–20:27
  • चल 20:27–22:07
  • रोग 22:07–23:47
  • काल 23:47–01:27, 2 दिसम्बर
  • लाभ 01:27, 2 दिसम्बर–03:07, 2 दिसम्बर
  • उद्वेग 03:07, 2 दिसम्बर–04:47, 2 दिसम्बर
  • शुभ 04:47, 2 दिसम्बर–06:27, 2 दिसम्बर

मास, संवत और ऋतु

मास (पूर्णिमांत)
मार्गशीर्ष
मास (अमांत)
मार्गशीर्ष
पक्ष
शुक्ल पक्ष
विक्रम संवत
2087
शक संवत
1952
ऋतु
हेमन्त
सूर्य राशि
वृश्चिक
चंद्र राशि
कुम्भ

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1 दिसम्बर 2030 को कौन सी तिथि है?

1 दिसम्बर 2030 को शुक्ल सप्तमी है, जो 16:48 बजे तक रहती है। (वाराणसी)

1 दिसम्बर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?

धनिष्ठा नक्षत्र 12:38 बजे तक रहता है। (वाराणसी)

1 दिसम्बर 2030 को राहु काल कब है?

वाराणसी में राहु काल 15:47 से 17:07 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।

1 दिसम्बर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

वाराणसी में सूर्योदय 06:26 बजे और सूर्यास्त 17:07 बजे है।