दत्तात्रेय जयंती
जयंतीसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:32–06:20
दिन 07:08–17:21 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:32–06:20 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:54–12:35 41 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 00:00, 10 दिसम्बर–01:48, 10 दिसम्बर 1 घं 48 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 08:25–09:41 1 घं 17 मि
- यमगण्ड
- 10:58–12:15 1 घं 17 मि
- गुलिक काल
- 13:31–14:48 1 घं 17 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:35–13:16 41 मिनट 14:38–15:19 41 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 18:35–20:23 1 घं 48 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 07:08–08:25
- काल 08:25–09:41
- शुभ 09:41–10:58
- रोग 10:58–12:15
- उद्वेग 12:15–13:31
- चल 13:31–14:48
- लाभ 14:48–16:04
- अमृत 16:04–17:21
रात
- चल 17:21–19:05
- रोग 19:05–20:48
- काल 20:48–22:31
- लाभ 22:31–00:15, 10 दिसम्बर
- उद्वेग 00:15, 10 दिसम्बर–01:58, 10 दिसम्बर
- शुभ 01:58, 10 दिसम्बर–03:42, 10 दिसम्बर
- अमृत 03:42, 10 दिसम्बर–05:25, 10 दिसम्बर
- चल 05:25, 10 दिसम्बर–07:09, 10 दिसम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- मार्गशीर्ष
- मास (अमांत)
- मार्गशीर्ष
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- हेमन्त
- सूर्य राशि
- वृश्चिक
- चंद्र राशि
- वृषभ
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
9 दिसम्बर 2030 को कौन सी तिथि है?
9 दिसम्बर 2030 को शुक्ल पूर्णिमा है, जो 04:10, 10 दिसम्बर बजे तक रहती है। (चंडीगढ़)
9 दिसम्बर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
रोहिणी नक्षत्र 03:37, 10 दिसम्बर बजे तक रहता है। (चंडीगढ़)
9 दिसम्बर 2030 को राहु काल कब है?
चंडीगढ़ में राहु काल 08:25 से 09:41 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
9 दिसम्बर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
चंडीगढ़ में सूर्योदय 07:08 बजे और सूर्यास्त 17:21 बजे है।