सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:00–05:48
दिन 06:36–17:48 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:00–05:48 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:50–12:34 45 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 00:51, 11 फ़रवरी–02:30, 11 फ़रवरी 1 घं 38 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 08:00–09:24 1 घं 24 मि
- यमगण्ड
- 10:48–12:12 1 घं 24 मि
- गुलिक काल
- 13:36–15:00 1 घं 24 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:34–13:19 45 मिनट 14:49–15:34 45 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 15:01–16:40 1 घं 38 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 06:36–08:00
- काल 08:00–09:24
- शुभ 09:24–10:48
- रोग 10:48–12:12
- उद्वेग 12:12–13:36
- चल 13:36–15:00
- लाभ 15:00–16:24
- अमृत 16:24–17:48
रात
- चल 17:48–19:24
- रोग 19:24–21:00
- काल 21:00–22:36
- लाभ 22:36–00:12, 11 फ़रवरी
- उद्वेग 00:12, 11 फ़रवरी–01:47, 11 फ़रवरी
- शुभ 01:47, 11 फ़रवरी–03:23, 11 फ़रवरी
- अमृत 03:23, 11 फ़रवरी–04:59, 11 फ़रवरी
- चल 04:59, 11 फ़रवरी–06:35, 11 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- फाल्गुन
- मास (अमांत)
- माघ
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- मकर
- चंद्र राशि
- सिंह
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
10 फ़रवरी 2031 को कौन सी तिथि है?
10 फ़रवरी 2031 को कृष्ण तृतीया है, जो 20:01 बजे तक रहती है। (वाराणसी)
10 फ़रवरी 2031 को नक्षत्र कौन सा है?
पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र 07:39 बजे तक रहता है। (वाराणसी)
10 फ़रवरी 2031 को राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल 08:00 से 09:24 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
10 फ़रवरी 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
वाराणसी में सूर्योदय 06:36 बजे और सूर्यास्त 17:48 बजे है।