सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:09–04:57
दिन 05:45–18:23 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:09–04:57 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:38–12:29 51 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 10:38–12:08 1 घं 30 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 13:38–15:13 1 घं 35 मि
- यमगण्ड
- 05:45–07:20 1 घं 35 मि
- गुलिक काल
- 08:54–10:29 1 घं 35 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 09:57–10:48 51 मिनट 15:01–15:51 51 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 22:37–00:07, 11 अप्रैल 1 घं 30 मि
चौघड़िया
दिन
- शुभ 05:45–07:20
- रोग 07:20–08:54
- उद्वेग 08:54–10:29
- चल 10:29–12:04
- लाभ 12:04–13:38
- अमृत 13:38–15:13
- काल 15:13–16:48
- शुभ 16:48–18:23
रात
- अमृत 18:23–19:48
- चल 19:48–21:13
- रोग 21:13–22:38
- काल 22:38–00:03, 11 अप्रैल
- लाभ 00:03, 11 अप्रैल–01:28, 11 अप्रैल
- उद्वेग 01:28, 11 अप्रैल–02:54, 11 अप्रैल
- शुभ 02:54, 11 अप्रैल–04:19, 11 अप्रैल
- अमृत 04:19, 11 अप्रैल–05:44, 11 अप्रैल
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- वैशाख
- मास (अमांत)
- चैत्र
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
- ऋतु
- वसन्त
- सूर्य राशि
- मीन
- चंद्र राशि
- तुला
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
10 अप्रैल 2031 को कौन सी तिथि है?
10 अप्रैल 2031 को कृष्ण तृतीया है, जो 16:49 बजे तक रहती है। (प्रयागराज)
10 अप्रैल 2031 को नक्षत्र कौन सा है?
विशाखा नक्षत्र 18:53 बजे तक रहता है। (प्रयागराज)
10 अप्रैल 2031 को राहु काल कब है?
प्रयागराज में राहु काल 13:38 से 15:13 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
10 अप्रैल 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
प्रयागराज में सूर्योदय 05:45 बजे और सूर्यास्त 18:23 बजे है।