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विक्रम संवत 2088 · शक संवत 1953 · वैशाख · वसन्त ऋतु

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4 मई 2031

रविवार · वैशाख शुक्ल द्वादशी, त्रयोदशी

› माह

सूर्य और चंद्र

सूर्योदय
05:46
दिनमान 13 घं 15 मि
सूर्यास्त
19:01
चंद्रोदय
16:21
चंद्रास्त
04:02

दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर

सूर्योदय 05:46 सूर्यास्त 19:01 अगला सूर्योदय 05:45
शुभ मुहूर्त
अभिजित अमृत
11:57–12:50 02:36, 5 मई–04:09, 5 मई

पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:10–04:58

अशुभ काल
यमगण्ड गुलिक वर्ज्य दुर्मुहूर्त राहु
12:23–14:03 15:42–17:21 17:13–18:47 17:15–18:08 17:21–19:01
12 00

दिन 05:46–19:01 रात

पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

सूर्योदय 05:46 सूर्यास्त 19:01 अगला सूर्योदय 05:45
तिथि चंद्र दिवस
शुक्ल द्वादशी शुक्ल त्रयोदशी
15:08 13:42, 5 मई तक
नक्षत्र चंद्र का तारा
उत्तरा फाल्गुनी हस्त
09:00 08:27, 5 मई तक
योग सूर्य–चंद्र का अंतर
हर्षण वज्र
21:20 18:57, 5 मई तक
करण आधी तिथि
बालव कौलव तैतिल
15:08 02:30, 5 मई 13:42, 5 मई तक
वार रविवार
12 00

शुभ मुहूर्त

इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
04:10–04:58 48 मिनट
अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
11:57–12:50 53 मिनट
अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
02:36, 5 मई–04:09, 5 मई 1 घं 34 मि

अशुभ काल

इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें

राहु काल वार के अनुसार
17:21–19:01 1 घं 39 मि
यमगण्ड
12:23–14:03 1 घं 39 मि
गुलिक काल
15:42–17:21 1 घं 39 मि
दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
17:15–18:08 53 मिनट
वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
17:13–18:47 1 घं 34 मि

चौघड़िया

दिन

  • उद्वेग 05:46–07:25
  • चल 07:25–09:05
  • लाभ 09:05–10:44
  • अमृत 10:44–12:23
  • काल 12:23–14:03
  • शुभ 14:03–15:42
  • रोग 15:42–17:21
  • उद्वेग 17:21–19:01

रात

  • शुभ 19:01–20:21
  • अमृत 20:21–21:42
  • चल 21:42–23:02
  • रोग 23:02–00:23, 5 मई
  • काल 00:23, 5 मई–01:44, 5 मई
  • लाभ 01:44, 5 मई–03:04, 5 मई
  • उद्वेग 03:04, 5 मई–04:25, 5 मई
  • शुभ 04:25, 5 मई–05:45, 5 मई

मास, संवत और ऋतु

मास (पूर्णिमांत)
वैशाख
मास (अमांत)
वैशाख
पक्ष
शुक्ल पक्ष
विक्रम संवत
2088
शक संवत
1953
ऋतु
वसन्त
सूर्य राशि
मेष
चंद्र राशि
कन्या

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

4 मई 2031 को कौन सी तिथि है?

4 मई 2031 को शुक्ल द्वादशी है, जो 15:08 बजे तक रहती है। (जयपुर)

4 मई 2031 को नक्षत्र कौन सा है?

उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र 09:00 बजे तक रहता है। (जयपुर)

4 मई 2031 को राहु काल कब है?

जयपुर में राहु काल 17:21 से 19:01 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।

4 मई 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

जयपुर में सूर्योदय 05:46 बजे और सूर्यास्त 19:01 बजे है।