सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:20–06:08
दिन 06:56–18:44 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:20–06:08 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 12:26–13:14 47 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 07:23–09:01 1 घं 38 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 08:24–09:53 1 घं 29 मि
- यमगण्ड
- 11:21–12:50 1 घं 29 मि
- गुलिक काल
- 14:18–15:47 1 घं 29 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 13:14–14:01 47 मिनट 15:35–16:22 47 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 00:14, 5 मार्च–01:48, 5 मार्च 1 घं 35 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 06:56–08:24
- काल 08:24–09:53
- शुभ 09:53–11:21
- रोग 11:21–12:50
- उद्वेग 12:50–14:18
- चल 14:18–15:47
- लाभ 15:47–17:15
- अमृत 17:15–18:44
रात
- चल 18:44–20:15
- रोग 20:15–21:47
- काल 21:47–23:18
- लाभ 23:18–00:50, 5 मार्च
- उद्वेग 00:50, 5 मार्च–02:21, 5 मार्च
- शुभ 02:21, 5 मार्च–03:52, 5 मार्च
- अमृत 03:52, 5 मार्च–05:24, 5 मार्च
- चल 05:24, 5 मार्च–06:55, 5 मार्च
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- फाल्गुन
- मास (अमांत)
- माघ
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2080
- शक संवत
- 1945
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- कुम्भ
- चंद्र राशि
- वृश्चिक
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
4 मार्च 2024 को कौन सी तिथि है?
4 मार्च 2024 को कृष्ण अष्टमी है, जो 08:49 बजे तक रहती है। (सूरत)
4 मार्च 2024 को नक्षत्र कौन सा है?
ज्येष्ठा नक्षत्र 16:21 बजे तक रहता है। (सूरत)
4 मार्च 2024 को राहु काल कब है?
सूरत में राहु काल 08:24 से 09:53 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
4 मार्च 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूरत में सूर्योदय 06:56 बजे और सूर्यास्त 18:44 बजे है।