सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:36–06:24
दिन 07:12–18:07 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:36–06:24 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 12:18–13:02 44 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 01:09, 1 फ़रवरी–02:41, 1 फ़रवरी 1 घं 31 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 14:02–15:24 1 घं 22 मि
- यमगण्ड
- 07:12–08:34 1 घं 22 मि
- गुलिक काल
- 09:56–11:18 1 घं 22 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 10:51–11:34 44 मिनट 15:13–15:56 44 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 16:01–17:32 1 घं 31 मि
चौघड़िया
दिन
- शुभ 07:12–08:34
- रोग 08:34–09:56
- उद्वेग 09:56–11:18
- चल 11:18–12:40
- लाभ 12:40–14:02
- अमृत 14:02–15:24
- काल 15:24–16:46
- शुभ 16:46–18:07
रात
- अमृत 18:07–19:45
- चल 19:45–21:24
- रोग 21:24–23:02
- काल 23:02–00:40, 1 फ़रवरी
- लाभ 00:40, 1 फ़रवरी–02:18, 1 फ़रवरी
- उद्वेग 02:18, 1 फ़रवरी–03:56, 1 फ़रवरी
- शुभ 03:56, 1 फ़रवरी–05:34, 1 फ़रवरी
- अमृत 05:34, 1 फ़रवरी–07:12, 1 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- माघ
- मास (अमांत)
- पौष
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
- ऋतु
- हेमन्त
- सूर्य राशि
- मकर
- चंद्र राशि
- धनु
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
31 जनवरी 2030 को कौन सी तिथि है?
31 जनवरी 2030 को कृष्ण त्रयोदशी है, जो 00:34, 1 फ़रवरी बजे तक रहती है। (जयपुर)
31 जनवरी 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र 05:43, 1 फ़रवरी बजे तक रहता है। (जयपुर)
31 जनवरी 2030 को राहु काल कब है?
जयपुर में राहु काल 14:02 से 15:24 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
31 जनवरी 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
जयपुर में सूर्योदय 07:12 बजे और सूर्यास्त 18:07 बजे है।