सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:30–06:18
दिन 07:06–17:59 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:30–06:18 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 12:11–12:54 44 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 01:09, 1 फ़रवरी–02:41, 1 फ़रवरी 1 घं 31 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 13:54–15:16 1 घं 22 मि
- यमगण्ड
- 07:06–08:27 1 घं 22 मि
- गुलिक काल
- 09:49–11:11 1 घं 22 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 10:43–11:27 44 मिनट 15:05–15:48 44 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 16:01–17:32 1 घं 31 मि
चौघड़िया
दिन
- शुभ 07:06–08:27
- रोग 08:27–09:49
- उद्वेग 09:49–11:11
- चल 11:11–12:32
- लाभ 12:32–13:54
- अमृत 13:54–15:16
- काल 15:16–16:37
- शुभ 16:37–17:59
रात
- अमृत 17:59–19:37
- चल 19:37–21:16
- रोग 21:16–22:54
- काल 22:54–00:32, 1 फ़रवरी
- लाभ 00:32, 1 फ़रवरी–02:10, 1 फ़रवरी
- उद्वेग 02:10, 1 फ़रवरी–03:49, 1 फ़रवरी
- शुभ 03:49, 1 फ़रवरी–05:27, 1 फ़रवरी
- अमृत 05:27, 1 फ़रवरी–07:05, 1 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- माघ
- मास (अमांत)
- पौष
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
- ऋतु
- हेमन्त
- सूर्य राशि
- मकर
- चंद्र राशि
- धनु
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
31 जनवरी 2030 को कौन सी तिथि है?
31 जनवरी 2030 को कृष्ण त्रयोदशी है, जो 00:34, 1 फ़रवरी बजे तक रहती है। (मथुरा)
31 जनवरी 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र 05:43, 1 फ़रवरी बजे तक रहता है। (मथुरा)
31 जनवरी 2030 को राहु काल कब है?
मथुरा में राहु काल 13:54 से 15:16 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
31 जनवरी 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
मथुरा में सूर्योदय 07:06 बजे और सूर्यास्त 17:59 बजे है।