योगिनी एकादशी
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:19–05:07
दिन 05:55–18:48 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:19–05:07 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- —
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 20:12–22:00 1 घं 48 मि
बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 12:22–13:59 1 घं 37 मि
- यमगण्ड
- 07:32–09:09 1 घं 37 मि
- गुलिक काल
- 10:45–12:22 1 घं 37 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 11:56–12:48 52 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 09:22–11:10 1 घं 48 मि
चौघड़िया
दिन
- लाभ 05:55–07:32
- अमृत 07:32–09:09
- काल 09:09–10:45
- शुभ 10:45–12:22
- रोग 12:22–13:59
- उद्वेग 13:59–15:35
- चल 15:35–17:12
- लाभ 17:12–18:48
रात
- उद्वेग 18:48–20:12
- शुभ 20:12–21:35
- अमृत 21:35–22:59
- चल 22:59–00:22, 27 जून
- रोग 00:22, 27 जून–01:46, 27 जून
- काल 01:46, 27 जून–03:09, 27 जून
- लाभ 03:09, 27 जून–04:32, 27 जून
- उद्वेग 04:32, 27 जून–05:56, 27 जून
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- आषाढ़
- मास (अमांत)
- ज्येष्ठ
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- ग्रीष्म
- सूर्य राशि
- मिथुन
- चंद्र राशि
- मेष
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
26 जून 2030 को कौन सी तिथि है?
26 जून 2030 को कृष्ण एकादशी है, जो 17:28 बजे तक रहती है। (बेंगलुरु)
26 जून 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
भरणी नक्षत्र 01:37, 27 जून बजे तक रहता है। (बेंगलुरु)
26 जून 2030 को राहु काल कब है?
बेंगलुरु में राहु काल 12:22 से 13:59 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
26 जून 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
बेंगलुरु में सूर्योदय 05:55 बजे और सूर्यास्त 18:48 बजे है।