सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:20–05:08
दिन 05:56–18:53 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:20–05:08 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- —
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 02:12, 15 अगस्त–03:46, 15 अगस्त 1 घं 34 मि
बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 12:24–14:02 1 घं 37 मि
- यमगण्ड
- 07:33–09:10 1 घं 37 मि
- गुलिक काल
- 10:47–12:24 1 घं 37 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 11:58–12:50 52 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 16:50–18:24 1 घं 34 मि
चौघड़िया
दिन
- लाभ 05:56–07:33
- अमृत 07:33–09:10
- काल 09:10–10:47
- शुभ 10:47–12:24
- रोग 12:24–14:02
- उद्वेग 14:02–15:39
- चल 15:39–17:16
- लाभ 17:16–18:53
रात
- उद्वेग 18:53–20:16
- शुभ 20:16–21:39
- अमृत 21:39–23:02
- चल 23:02–00:25, 15 अगस्त
- रोग 00:25, 15 अगस्त–01:47, 15 अगस्त
- काल 01:47, 15 अगस्त–03:10, 15 अगस्त
- लाभ 03:10, 15 अगस्त–04:33, 15 अगस्त
- उद्वेग 04:33, 15 अगस्त–05:56, 15 अगस्त
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- भाद्रपद
- मास (अमांत)
- श्रावण
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- वर्षा
- सूर्य राशि
- कर्क
- चंद्र राशि
- कुम्भ
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
14 अगस्त 2030 को कौन सी तिथि है?
14 अगस्त 2030 को कृष्ण प्रतिपदा है, जो 14:29 बजे तक रहती है। (भोपाल)
14 अगस्त 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
धनिष्ठा नक्षत्र 09:48 बजे तक रहता है। (भोपाल)
14 अगस्त 2030 को राहु काल कब है?
भोपाल में राहु काल 12:24 से 14:02 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
14 अगस्त 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
भोपाल में सूर्योदय 05:56 बजे और सूर्यास्त 18:53 बजे है।