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विक्रम संवत 2087 · शक संवत 1952 · कार्तिक · शरद ऋतु

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30 अक्टूबर 2030

बुधवार · कार्तिक शुक्ल चतुर्थी, पंचमी

› माह

सूर्य और चंद्र

सूर्योदय
06:35
दिनमान 11 घं 10 मि
सूर्यास्त
17:45
चंद्रोदय
10:15
चंद्रास्त
20:58

दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर

सूर्योदय 06:35 सूर्यास्त 17:45 अगला सूर्योदय 06:35
शुभ मुहूर्त
अमृत
04:14, 31 अक्टूबर–05:42, 31 अक्टूबर

पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:59–05:47

अशुभ काल
यमगण्ड गुलिक दुर्मुहूर्त राहु वर्ज्य
07:58–09:22 10:46–12:10 11:47–12:32 12:10–13:34 19:26–20:54
12 00

दिन 06:35–17:45 रात

पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

सूर्योदय 06:35 सूर्यास्त 17:45 अगला सूर्योदय 06:35
तिथि चंद्र दिवस
शुक्ल चतुर्थी शुक्ल पंचमी
13:08 10:25, 31 अक्टूबर तक
नक्षत्र चंद्र का तारा
ज्येष्ठा मूल
12:06 10:06, 31 अक्टूबर तक
योग सूर्य–चंद्र का अंतर
अतिगण्ड सुकर्मा
23:30 20:14, 31 अक्टूबर तक
करण आधी तिथि
विष्टि बव बालव
13:08 23:44 10:25, 31 अक्टूबर तक
वार बुधवार
12 00

शुभ मुहूर्त

इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
04:59–05:47 48 मिनट
अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
—
अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
04:14, 31 अक्टूबर–05:42, 31 अक्टूबर 1 घं 28 मि

बुधवार को अभिजित मुहूर्त नहीं होता।

अशुभ काल

इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें

राहु काल वार के अनुसार
12:10–13:34 1 घं 24 मि
यमगण्ड
07:58–09:22 1 घं 24 मि
गुलिक काल
10:46–12:10 1 घं 24 मि
दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
11:47–12:32 45 मिनट
वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
19:26–20:54 1 घं 28 मि

चौघड़िया

दिन

  • लाभ 06:35–07:58
  • अमृत 07:58–09:22
  • काल 09:22–10:46
  • शुभ 10:46–12:10
  • रोग 12:10–13:34
  • उद्वेग 13:34–14:57
  • चल 14:57–16:21
  • लाभ 16:21–17:45

रात

  • उद्वेग 17:45–19:21
  • शुभ 19:21–20:58
  • अमृत 20:58–22:34
  • चल 22:34–00:10, 31 अक्टूबर
  • रोग 00:10, 31 अक्टूबर–01:46, 31 अक्टूबर
  • काल 01:46, 31 अक्टूबर–03:23, 31 अक्टूबर
  • लाभ 03:23, 31 अक्टूबर–04:59, 31 अक्टूबर
  • उद्वेग 04:59, 31 अक्टूबर–06:35, 31 अक्टूबर

मास, संवत और ऋतु

मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
मास (अमांत)
कार्तिक
पक्ष
शुक्ल पक्ष
विक्रम संवत
2087
शक संवत
1952
ऋतु
शरद
सूर्य राशि
तुला
चंद्र राशि
वृश्चिक

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

30 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?

30 अक्टूबर 2030 को शुक्ल चतुर्थी है, जो 13:08 बजे तक रहती है। (जयपुर)

30 अक्टूबर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?

ज्येष्ठा नक्षत्र 12:06 बजे तक रहता है। (जयपुर)

30 अक्टूबर 2030 को राहु काल कब है?

जयपुर में राहु काल 12:10 से 13:34 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।

30 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

जयपुर में सूर्योदय 06:35 बजे और सूर्यास्त 17:45 बजे है।