पूर्णिमा
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 03:40–04:28
दिन 05:16–19:04 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 03:40–04:28 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:42–12:38 55 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 11:03–12:28 1 घं 24 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 10:27–12:10 1 घं 43 मि
- यमगण्ड
- 15:37–17:20 1 घं 43 मि
- गुलिक काल
- 07:00–08:43 1 घं 43 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 08:02–08:57 55 मिनट 12:38–13:33 55 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 15:16–16:40 1 घं 24 मि 01:03, 5 जुलाई–02:27, 5 जुलाई 1 घं 24 मि
चौघड़िया
दिन
- चल 05:16–07:00
- लाभ 07:00–08:43
- अमृत 08:43–10:27
- काल 10:27–12:10
- शुभ 12:10–13:53
- रोग 13:53–15:37
- उद्वेग 15:37–17:20
- चल 17:20–19:04
रात
- रोग 19:04–20:20
- काल 20:20–21:37
- लाभ 21:37–22:54
- उद्वेग 22:54–00:10, 5 जुलाई
- शुभ 00:10, 5 जुलाई–01:27, 5 जुलाई
- अमृत 01:27, 5 जुलाई–02:44, 5 जुलाई
- चल 02:44, 5 जुलाई–04:00, 5 जुलाई
- रोग 04:00, 5 जुलाई–05:17, 5 जुलाई
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- आषाढ़
- मास (अमांत)
- आषाढ़
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
- ऋतु
- ग्रीष्म
- सूर्य राशि
- मिथुन
- चंद्र राशि
- धनु
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
4 जुलाई 2031 को कौन सी तिथि है?
4 जुलाई 2031 को शुक्ल पूर्णिमा है, जो 00:31, 5 जुलाई बजे तक रहती है। (लखनऊ)
4 जुलाई 2031 को नक्षत्र कौन सा है?
मूल नक्षत्र 16:40 बजे तक रहता है। (लखनऊ)
4 जुलाई 2031 को राहु काल कब है?
लखनऊ में राहु काल 10:27 से 12:10 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
4 जुलाई 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
लखनऊ में सूर्योदय 05:16 बजे और सूर्यास्त 19:04 बजे है।