सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 04:57–05:45
दिन 06:33–17:28 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 04:57–05:45 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:38–12:22 44 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 23:30–01:08, 5 नवम्बर 1 घं 37 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 07:55–09:16 1 घं 22 मि
- यमगण्ड
- 10:38–12:00 1 घं 22 मि
- गुलिक काल
- 13:22–14:44 1 घं 22 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:22–13:06 44 मिनट 14:33–15:17 44 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 13:46–15:24 1 घं 37 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 06:33–07:55
- काल 07:55–09:16
- शुभ 09:16–10:38
- रोग 10:38–12:00
- उद्वेग 12:00–13:22
- चल 13:22–14:44
- लाभ 14:44–16:06
- अमृत 16:06–17:28
रात
- चल 17:28–19:06
- रोग 19:06–20:44
- काल 20:44–22:22
- लाभ 22:22–00:01, 5 नवम्बर
- उद्वेग 00:01, 5 नवम्बर–01:39, 5 नवम्बर
- शुभ 01:39, 5 नवम्बर–03:17, 5 नवम्बर
- अमृत 03:17, 5 नवम्बर–04:55, 5 नवम्बर
- चल 04:55, 5 नवम्बर–06:33, 5 नवम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- कार्तिक
- मास (अमांत)
- कार्तिक
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- शरद
- सूर्य राशि
- तुला
- चंद्र राशि
- कुम्भ
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
4 नवम्बर 2030 को कौन सी तिथि है?
4 नवम्बर 2030 को शुक्ल दशमी है, जो 03:34, 5 नवम्बर बजे तक रहती है। (हरिद्वार)
4 नवम्बर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
शतभिषा नक्षत्र 06:49, 5 नवम्बर बजे तक रहता है। (हरिद्वार)
4 नवम्बर 2030 को राहु काल कब है?
हरिद्वार में राहु काल 07:55 से 09:16 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
4 नवम्बर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
हरिद्वार में सूर्योदय 06:33 बजे और सूर्यास्त 17:28 बजे है।