सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:02–05:50
दिन 06:38–17:42 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:02–05:50 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:48–12:32 44 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 23:30–01:08, 5 नवम्बर 1 घं 37 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 08:01–09:24 1 घं 23 मि
- यमगण्ड
- 10:47–12:10 1 घं 23 मि
- गुलिक काल
- 13:33–14:56 1 घं 23 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 12:32–13:16 44 मिनट 14:45–15:29 44 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 13:46–15:24 1 घं 37 मि
चौघड़िया
दिन
- अमृत 06:38–08:01
- काल 08:01–09:24
- शुभ 09:24–10:47
- रोग 10:47–12:10
- उद्वेग 12:10–13:33
- चल 13:33–14:56
- लाभ 14:56–16:19
- अमृत 16:19–17:42
रात
- चल 17:42–19:19
- रोग 19:19–20:56
- काल 20:56–22:33
- लाभ 22:33–00:10, 5 नवम्बर
- उद्वेग 00:10, 5 नवम्बर–01:47, 5 नवम्बर
- शुभ 01:47, 5 नवम्बर–03:24, 5 नवम्बर
- अमृत 03:24, 5 नवम्बर–05:01, 5 नवम्बर
- चल 05:01, 5 नवम्बर–06:39, 5 नवम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- कार्तिक
- मास (अमांत)
- कार्तिक
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
- ऋतु
- शरद
- सूर्य राशि
- तुला
- चंद्र राशि
- कुम्भ
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
4 नवम्बर 2030 को कौन सी तिथि है?
4 नवम्बर 2030 को शुक्ल दशमी है, जो 03:34, 5 नवम्बर बजे तक रहती है। (जयपुर)
4 नवम्बर 2030 को नक्षत्र कौन सा है?
शतभिषा नक्षत्र 06:49, 5 नवम्बर बजे तक रहता है। (जयपुर)
4 नवम्बर 2030 को राहु काल कब है?
जयपुर में राहु काल 08:01 से 09:24 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
4 नवम्बर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
जयपुर में सूर्योदय 06:38 बजे और सूर्यास्त 17:42 बजे है।