विजया एकादशी
व्रतसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:24–06:12
दिन 07:00–18:21 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:24–06:12 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 12:18–13:03 45 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 09:08–10:54 1 घं 46 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 11:16–12:41 1 घं 25 मि
- यमगण्ड
- 15:31–16:56 1 घं 25 मि
- गुलिक काल
- 08:25–09:50 1 घं 25 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 09:16–10:02 45 मिनट 13:03–13:49 45 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 14:26–16:12 1 घं 46 मि 02:38, 14 फ़रवरी–04:22, 14 फ़रवरी 1 घं 44 मि
चौघड़िया
दिन
- चल 07:00–08:25
- लाभ 08:25–09:50
- अमृत 09:50–11:16
- काल 11:16–12:41
- शुभ 12:41–14:06
- रोग 14:06–15:31
- उद्वेग 15:31–16:56
- चल 16:56–18:21
रात
- रोग 18:21–19:56
- काल 19:56–21:31
- लाभ 21:31–23:06
- उद्वेग 23:06–00:40, 14 फ़रवरी
- शुभ 00:40, 14 फ़रवरी–02:15, 14 फ़रवरी
- अमृत 02:15, 14 फ़रवरी–03:50, 14 फ़रवरी
- चल 03:50, 14 फ़रवरी–05:25, 14 फ़रवरी
- रोग 05:25, 14 फ़रवरी–07:00, 14 फ़रवरी
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- फाल्गुन
- मास (अमांत)
- माघ
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2082
- शक संवत
- 1947
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- कुम्भ
- चंद्र राशि
- धनु
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
13 फ़रवरी 2026 को कौन सी तिथि है?
13 फ़रवरी 2026 को कृष्ण एकादशी है, जो 14:26 बजे तक रहती है। (उज्जैन)
13 फ़रवरी 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
मूल नक्षत्र 16:12 बजे तक रहता है। (उज्जैन)
13 फ़रवरी 2026 को राहु काल कब है?
उज्जैन में राहु काल 11:16 से 12:41 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
13 फ़रवरी 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
उज्जैन में सूर्योदय 07:00 बजे और सूर्यास्त 18:21 बजे है।