कालभैरव जयंती
जयंतीसूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:19–06:07
दिन 06:55–17:17 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:19–06:07 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 11:45–12:26 41 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 02:32, 2 दिसम्बर–04:08, 2 दिसम्बर 1 घं 36 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 14:41–15:59 1 घं 18 मि
- यमगण्ड
- 09:30–10:48 1 घं 18 मि
- गुलिक काल
- 12:06–13:23 1 घं 18 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 08:59–09:40 41 मिनट 22:44–23:39 55 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 16:59–18:34 1 घं 36 मि
चौघड़िया
दिन
- रोग 06:55–08:12
- उद्वेग 08:12–09:30
- चल 09:30–10:48
- लाभ 10:48–12:06
- अमृत 12:06–13:23
- काल 13:23–14:41
- शुभ 14:41–15:59
- रोग 15:59–17:17
रात
- काल 17:17–18:59
- लाभ 18:59–20:41
- उद्वेग 20:41–22:24
- शुभ 22:24–00:06, 2 दिसम्बर
- अमृत 00:06, 2 दिसम्बर–01:48, 2 दिसम्बर
- चल 01:48, 2 दिसम्बर–03:31, 2 दिसम्बर
- रोग 03:31, 2 दिसम्बर–05:13, 2 दिसम्बर
- काल 05:13, 2 दिसम्बर–06:55, 2 दिसम्बर
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- मार्गशीर्ष
- मास (अमांत)
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
- ऋतु
- शरद
- सूर्य राशि
- वृश्चिक
- चंद्र राशि
- सिंह
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1 दिसम्बर 2026 को कौन सी तिथि है?
1 दिसम्बर 2026 को कृष्ण अष्टमी है, जो 23:14 बजे तक रहती है। (हरिद्वार)
1 दिसम्बर 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
मघा नक्षत्र 09:00 बजे तक रहता है। (हरिद्वार)
1 दिसम्बर 2026 को राहु काल कब है?
हरिद्वार में राहु काल 14:41 से 15:59 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
1 दिसम्बर 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
हरिद्वार में सूर्योदय 06:55 बजे और सूर्यास्त 17:17 बजे है।