पूर्णिमा
व्रतआंशिक चंद्र ग्रहण
18:19–18:47 (हरिद्वार में आंशिक रूप से दृश्य)- स्पर्श
- 18:19
- मध्य
- 18:19
- मोक्ष
- 18:47
- ग्रहण मान
- 0.412
- सूतक काल
- 09:19–18:47
सूर्य और चंद्र
दिन भर का समय शुभ और अशुभ काल एक ही पट्टी पर
पट्टी के बाहर: ब्रह्म 05:05–05:53
दिन 06:41–18:17 रात
पंचांग के पाँच अंग सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक
शुभ मुहूर्त
इन समयों में शुभ कार्य किए जाते हैं
- ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले
- 05:05–05:53 48 मिनट
- अभिजित मध्याह्न का मुहूर्त
- 12:06–12:52 46 मिनट
- अमृत काल नक्षत्र पर आधारित
- 01:13, 4 मार्च–02:49, 4 मार्च 1 घं 36 मि
अशुभ काल
इन समयों में नया कार्य आरंभ न करें
- राहु काल वार के अनुसार
- 15:23–16:50 1 घं 27 मि
- यमगण्ड
- 09:35–11:02 1 घं 27 मि
- गुलिक काल
- 12:29–13:56 1 घं 27 मि
- दुर्मुहूर्त दिनमान के भागों पर
- 09:00–09:46 46 मिनट 23:14–00:04, 4 मार्च 50 मिनट
- वर्ज्य नक्षत्र के त्याज्य अंश पर
- 15:34–17:10 1 घं 36 मि
चौघड़िया
दिन
- रोग 06:41–08:08
- उद्वेग 08:08–09:35
- चल 09:35–11:02
- लाभ 11:02–12:29
- अमृत 12:29–13:56
- काल 13:56–15:23
- शुभ 15:23–16:50
- रोग 16:50–18:17
रात
- काल 18:17–19:50
- लाभ 19:50–21:23
- उद्वेग 21:23–22:56
- शुभ 22:56–00:28, 4 मार्च
- अमृत 00:28, 4 मार्च–02:01, 4 मार्च
- चल 02:01, 4 मार्च–03:34, 4 मार्च
- रोग 03:34, 4 मार्च–05:07, 4 मार्च
- काल 05:07, 4 मार्च–06:40, 4 मार्च
मास, संवत और ऋतु
- मास (पूर्णिमांत)
- फाल्गुन
- मास (अमांत)
- फाल्गुन
- पक्ष
- शुक्ल पक्ष
- विक्रम संवत
- 2082
- शक संवत
- 1947
- ऋतु
- शिशिर
- सूर्य राशि
- कुम्भ
- चंद्र राशि
- सिंह
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
3 मार्च 2026 को कौन सी तिथि है?
3 मार्च 2026 को शुक्ल पूर्णिमा है, जो 17:07 बजे तक रहती है। (हरिद्वार)
3 मार्च 2026 को नक्षत्र कौन सा है?
मघा नक्षत्र 07:31 बजे तक रहता है। (हरिद्वार)
3 मार्च 2026 को राहु काल कब है?
हरिद्वार में राहु काल 15:23 से 16:50 बजे तक है। इस समय शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं।
3 मार्च 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
हरिद्वार में सूर्योदय 06:41 बजे और सूर्यास्त 18:17 बजे है।